महा कंजूस दादा को दाँत निकलवाने का खर्च दाँत के डॉक्टर ने 1200 रुपए बताया। दादा—” कोई सस्ता इलाज नहीं है डॉक्टर साहब ? ” डॉक्टर—” बिना एनेस्थेसिया के 300 रुपए में हो जाएगा मगर दर्द बहुत सहना होगा। ” दादा—” ठीक है डॉक्टर साहब, बिना एनेस्थेसिया वाला कीजिए। ” डॉक्टर ने किया। उसे बड़ा आश्चर्य हुआ कि, दादा दर्द से ज़रा भी नहीं कराहा, बल्कि मुस्कुराता ही रहा। काम होने के बाद आश्चर्यचकित डॉक्टर ने 300 रुपए फीस भी नहीं ली बल्कि, अपनी तरफ से उसे 500 रुपए का ईनाम दिया कि, ऐंसा जाँबाज शख्स उसने जिंदगी में नहीं देखा। शाम को डॉक्टर्स क्लब में अन्य डॉक्टर्स के साथ उसने दादा नामक पेशेंट की जाँबाजी का किस्सा शेयर किया। सारे डॉक्टर्स में से एक डॉक्टर उठा और चिल्लाया—” अरे, वो दादा हरामखोर पहले मेरे पास आया था। मैंने उसे एनेस्थेसिया दिया और कहा कि, वो आधा घंटा बाहर इन्तजार करे। आधे घंटे बाद जब मैंने उसे बुलाया तो पता लगा कि, वो तो भाग गया है !!!!!!
Ek chor amir lok ke ghar mein chori karne gaya. Trunk pe likha tha “Trunk ko todne ki jaroorat nahi hai, 156 number press karke sahmne vala lal batan dabao, trunk khul jayegi. Jaise hibatan daba alarm baja aur policeaa gayi.”
Jate jate chor us lok se bola: Aajmera insaaniyat se vishwas uth gaya hai!
साला आज-कल के साबुन देख कर, पता ही नहीं चलता की नहाने के लिए है या खाने के लिए!! मलाई..दूध..केशर..युक्त. :yum::stuck_out_tongue_winking_eye::smile::smile::stuck_out_tongue_winking_eye::stuck_out_tongue_winking_eye::smile::smile::smile::grin:
हद तो तब हो गयी:joy: . . जब स्टेट बैंक के लाइन में खड़ी एक महिला ने जब दूसरी से पूछा की "बहन, आप कल भी यही साड़ी पहन कर आई थी?":yum::laughing::joy::joy::joy:
संता का 60वां जन्मदिन था . बंता - ये केक :birthday: पर बल्ब :bulb: क्यों लगाया है :flushed: :flushed: . संता - 60 मोमबत्तियां लगाने मे मुश्किल हो रही थी इस लिये 60 वाट का बल्ब :bulb: लगा दिया:stuck_out_tongue_winking_eye::smile::joy::stuck_out_tongue_winking_eye:
जो मित्र अपने मित्र की पिटाई होते हुए देख कर घर की तरफ भाग जाये,,, :-: :-: :-: :-: , उसे गद्दार नहीं समझना चाहिये। हो सकता है वो तलवार लेने भागा हो। :joy: :stuck_out_tongue_winking_eye: :joy: :stuck_out_tongue_winking_eye: :joy: :stuck_out_tongue_winking_eye: :stuck_out_tongue_winking_eye: :joy: :thumbsup: :thumbsup:
कॉलेज वाली... मसालेदार होती है
पड़ोस वाली... कड़क होती है
ऑफिस वाली... मीठी होती है
घर वाली... फीकी होती है
होटल वाली... मस्त होती है
5 स्टार वाली... महंगी होती है
लेकिन एक बात है यार...
चाय आखिर चाय होती है।
सोच बदलो
पता नहीं दिन भर क्या-क्या सोचते रहते हो..
लड़की : पापा मुझे 1 लड़का तंग करता है। . पिता: क्या सजा दूँ उसे? . लड़की: मेरी शादी करवा दो उससे। . पिता: वाह बेटी.... सजा देने में बिल्कुल अपनी माँ पे गई हो। :persevere::stuck_out_tongue_closed_eyes::stuck_out_tongue_winking_eye::smile::heart_eyes::flushed: